Thursday,11 June 2026,03:29 PM
ब्रेकिंग न्यूज़
हिमाचल प्रदेश: मानसूनी बारिश से दो सप्ताह में 43 लोगों की मौत, 37 लोग लापतामेडिकल कॉलेज नियामक ढांचे में हेरफेर, सीबीआई ने सरकारी अधिकारियों समेत 34 लोगों पर मामला दर्ज कियाअमेरिका ने वीजा आवेदकों से इस्तेमाल किए जाने वाले सोशल मीडिया मंचों के हैंडल या यूजरनेम मांगेआय से अधिक संपत्ति मामले में शिरोमणि अकाली दल के नेता बिक्रम मजीठिया गिरफ्तारआपातकाल: न्यायमूर्ति सिन्हा ने इंदिरा गांधी को अयोग्य ठहराने के फैसले पर कभी पछतावा नहींकेरल: सत्तारूढ़ एलडीएफ नीलांबुर विधानसभा उपचुनाव कांग्रेस नीत यूडीएफ के हाथों हाराभारत मध्यस्थता स्वीकार नहीं करेगा, ऑपरेशन सिंदूर पाकिस्तान के अनुरोध पर रोका: मोदी ने ट्रंप से कहाभारत के चार स्कूल विश्व के सर्वश्रेष्ठ स्कूल पुरस्कारों की शीर्ष 10 की सूची में शामिल
अन्य
मन शांत कर डिप्रेशन भगाने में कारगर नियमित योग, आयुष मंत्रालय ने बताए प्रभावी योगासन
By Virat baibhav | Publish Date: 23/5/2026 3:30:27 PM
मन शांत कर डिप्रेशन भगाने में कारगर नियमित योग, आयुष मंत्रालय ने बताए प्रभावी योगासन

नई दिल्ली। विश्व योग दिवस को कुछ ही दिन शेष रह गए हैं। ऐसे में भारत सरकार का आयुष मंत्रालय योगासन के माध्यम से शारीरिक व मानसिक स्वास्थ्य सुधारने पर जोर देते हुए लगातार नए-नए योगासनों के बारे में जानकारी देने के साथ ही उनसे मिलने वाले फायदों से भी अवगत करा रहा है। मंत्रालय ने अवसाद यानी डिप्रेशन से मुक्ति में कारगर प्रभावी योगासनों के बारे में जानकारी दी।  योग एक्सपर्ट का कहना है कि योग सिर्फ शरीर को स्वस्थ नहीं रखता, बल्कि मन को शांत करने, तनाव कम करने और भावनात्मक संतुलन बनाने में भी बेहद कारगर है। आजकल की भागदौड़ भरी जिंदगी, काम का दबाव और व्यक्तिगत समस्याओं के कारण अवसाद एक आम समस्या बन गया है। ऐसे में नियमित योगाभ्यास बेहद जरूरी बन चुका है। आयुष मंत्रालय का संदेश “योग युक्त, रोग मुक्त” है। मंत्रालय नागरिकों से अपील करता है कि वे रोजाना सुबह इन आसनों का अभ्यास करें। शुरुआत में 15-20 मिनट से शुरू करके धीरे-धीरे समय बढ़ाया जा सकता है। योग न सिर्फ डिप्रेशन से लड़ने में मदद करता है बल्कि स्वास्थ्य को बेहतर बनाता है। आयुष मंत्रालय के अनुसार, नियमित योगाभ्यास तनाव बढ़ाने वाले हार्मोन को कम करता है, मन को स्थिर करता है और डिप्रेशन जैसी मानसिक समस्याओं से निजात दिलाने में मदद कर सकता है। डिप्रेशन दूर करने वाले योगासन और प्राणायाम ध्यान, भ्रामरी प्राणायाम के साथ ही ताड़ासन, भुजंगासन, अनुलोम-विलोम शामिल हैं।
 
ध्यान :- रोजाना 10-15 मिनट ध्यान करने से मन की उलझनें कम होती हैं और अंदर से शांति मिलती है।

पवनमुक्तासन:- यह आसन पेट की समस्याओं के साथ-साथ मन की अशांति को भी दूर करता है। इससे शरीर में जमी हुई नकारात्मक ऊर्जा निकलती है।

भ्रामरी प्राणायाम:- इस प्राणायाम को करने से मस्तिष्क शांत होता है। भौंरे की तरह आवाज निकालते हुए सांस लेने से तनाव और चिंता कम होती है।

ताड़ासन: - खड़े होकर किए जाने वाला यह आसन शरीर और मन दोनों को ऊर्जावान बनाता है। मुद्रा और आत्मविश्वास बढ़ाने में मदद करता है।

भुजंगासन:- सांप की मुद्रा वाला यह आसन रीढ़ की हड्डी को मजबूत करता है और छाती की जकड़न को कम करने में मददगार है। इससे डिप्रेशन से जुड़ी नकारात्मक भावनाएं कम होती हैं।

अनुलोम-विलोम प्राणायाम: - नाक के एक छिद्र से सांस लेने व दूसरे से छोड़ने वाला यह प्राणायाम मस्तिष्क के दोनों हिस्सों को संतुलित करता है और मन को शांत रखता है।
 
COPYRIGHT @ 2016 VIRAT VAIBHAV. ALL RIGHT RESERVED.DESIGN & DEVELOPED BY: 4C PLUS